सोमवार, 26 सितंबर 2011

ये जो प्यार भरी सौगाते हैं
ये सारी झूठी बातें है
सपने ये बहुत दिखाते है
फिर बीच राह बहकाते है
ये सपनो के सौदागर है
सपने अपने दिखलाते है
फिर सोम पान करवाते है
ये जो प्यार भरी सौगाते हैं
ये सारी झूठी बातें है
ये अपनों से लड़वाते हैं
मित्रो को शत्रु बनवाते हैं
ये जो प्यार भरी सौगाते हैं
ये सारी झूठी बातें है.

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